संगीतमय लखनऊ को सहेजता भातखंडे संगीत विद्यालय

लखनऊ

 14-03-2018 12:24 PM
ध्वनि 1- स्पन्दन से ध्वनि

प्राचीन कोसल राज्य का हिस्सा जो ‘नवाबों का शहर’ अधिनाम से जाना जाता है वह ‘लखनऊ’ शहर कला, संस्कृति और तहजीब का एक बेहतरीन नमूना माना जाता है। यह बहुसांस्कृतिक शहर अपने इतिहास और उसके साक्ष्य देती खूबसूरत इमारतों के अलावा नृत्य, हिंदी-उर्दू गद्य पद्य के तथा संगीत के लिए भी जाना जाता है।

सन 1926 में पंडित विष्णु नारायण भातखंडे ने लखनऊ के संगीत प्रेमी और पारखियों, जैसे राय उमानाथ बली, राय राजेश्वर बली और राजा नवाब अली की मदद से मारिस संगीत विद्यालय की स्थापना की। इसका उद्घाटन अवध राज्यपाल सर विलियम मारिस के हाथों किया गया था तथा इस विद्यालय का नाम उन्हीं पर रखा गया। 26 मार्च 1966 को उत्तर प्रदेश सरकार के अंतर्गत यह विद्यालय आया और सरकार द्वारा इसका नाम इसके संस्थापक पंडित विष्णु नारायण भातखंडे की याद में भातखंडे कॉलेज ऑफ़ हिन्दुस्तानी म्यूजिक (Bhatkande College of Hindustani Music) और आगे भातखंडे म्यूजिक इंस्टिट्यूट (Bhatkande Music Institute) रखा गया। सन 2000 में भारत सरकार ने इस विद्यालय को मानित विश्वविद्यालय घोषित किया।

भारत में शास्त्रीय संगीत के पुनर्जागरण के अग्रदूत तथा भातखंडे संगीत-शास्त्र के रचनाकार पंडित विष्णु नारायण भातखंडे के नाम के इस महाविद्यालय में यूरोप, नेपाल, भूटान, श्रीलंका आदि पूरे जग भर से विद्यार्थी शास्त्रीय संगीत सीखने आते हैं। अनूप जलोटा, दिलराज कौर आदि यहाँ के भूतपूर्व विद्यार्थी हैं।

1. http://bhatkhandemusic.edu.in/history/



RECENT POST

  • स्वर्ग की परिकल्पना पर आधारित था लखनऊ का कैसरबाग
    वास्तुकला 1 वाह्य भवन

     22-10-2019 10:12 AM


  • वाहनों की गति को मापता रडार स्पीड गन
    सिद्धान्त I-अवधारणा माप उपकरण (कागज/घड़ी)

     21-10-2019 12:01 PM


  • तेज़ी से बढती मोबाइल उपयोगकर्ताओं की वैश्विक दर
    सिद्धान्त I-अवधारणा माप उपकरण (कागज/घड़ी)

     20-10-2019 10:00 AM


  • क्या है वर्तमान भारत में बाघों की स्थिति?
    स्तनधारी

     19-10-2019 11:51 AM


  • खोज के युग से ही हुआ था मानव सभ्यता का विकास
    समुद्र

     18-10-2019 10:59 AM


  • बड़े और छोटे इमामबाड़े के अलावा भी है लखनऊ में एक और प्राचीन इमामबाड़ा
    वास्तुकला 1 वाह्य भवन

     17-10-2019 10:49 AM


  • भोजन का अधिकार है हर व्यक्ति का बुनियादी अधिकार
    नगरीकरण- शहर व शक्ति

     16-10-2019 12:34 PM


  • दुर्गा पूजा में पेश किया जाने वाला पारंपरिक भोग
    स्वाद- खाद्य का इतिहास

     15-10-2019 12:33 PM


  • भारतीय प्राचीन लिपियों में से एक है ब्रह्मी लिपि
    ध्वनि 2- भाषायें

     14-10-2019 02:40 PM


  • कैसे एक डाकू से महर्षि वाल्मीकि बने रत्नाकर
    विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

     13-10-2019 10:00 AM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.