गाँधीजी के निधन की खबर

लखनऊ

 30-01-2019 06:37 PM
आधुनिक राज्य: 1947 से अब तक

मोहनदास करमचंद गांधी का जन्म 2 अक्टूबर, 1869 को पोरबंदर, काठियावाड़ में हुआ था। करमचंद उर्फ काबा गांधी और पुतलीबाई के तीन बेटों में सबसे छोटे गांधी, अंग्रेजों के खिलाफ भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में एक प्रमुख व्यक्ति बन गए। महात्मा गाँधी ने अहिंसात्मक प्रतिरोध की विचारधारा का प्रचार किया और उपनिवेशवादियों को ललकारने वाले आंदोलनों का एक समूह बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिसमें असहयोग आंदोलन (1920) सविनय अवज्ञा आंदोलन (1929) शामिल था, भारत छोड़ो आंदोलन (अगस्त 1942), जिसकी परिणति 'पूर्ण स्वराज' या 'पूर्ण स्वतंत्रता' के आह्वान में हुई। आज, महात्मा गांधी को उनकी विचारधाराओं, सत्य और अहिंसा की खोज के लिए दुनिया भर में याद किया जाता है। 30 जनवरी 1948 को गाँधी जी की गोली मर कर हत्या कर दी गयी थी।

गाँधी जी के निधन पर तत्कालीन प्रधानमंत्री ने आल इंडिया रेडियो के माध्यम से पुरे देश को इसकी सुचना कुछ इस प्रकार दी थी।दोस्तों और साथियों, प्रकाश हमारे जीवन से चला गया है, और हर जगह अंधेरा है, और मुझे यह नहीं पता है कि आपको क्या कहना है या कैसे कहना है। हमारे प्रिय नेता, बापू जैसा कि हमने उन्हें राष्ट्र का पिता कहा है, अब और हमारे बीच नहीं रहे। शायद मेरा यह कहना गलत हो; फिर भी, हम उन्हे फिर से उस प्रकार नहीं देख पाएंगे जैसा कि हमने उन्हे इन कई सालों में देखा है, हम उनसे सलाह लेने के लिए उनके पास नहीं जा पाएंगे और न ही उनसे कुछ मांग सकेंगे, और यह एक भयानक झटका है, न केवल मेरे लिए, बल्कि लाखों और करोड़ो लोगों के लिए इस देश में। गाँधी जी की मृत्यु नाथूराम गोडसे द्वारा 30 जनवरी 1948 को बिरला हाउस (अब गाँधी स्मृति) में किया गया था। इस घटना के पश्चात पूरे देश भर में मानो शोक का माहौल था। किसी को भी याह विश्वाश नहीं हो रहा था की जिस इन्सान नें पूरे भारत को आजादी का मर्घ दिखाया वह खुद हमारे बीच अब नहीं रहे है। केवल हमारे देश में ही नहीं बल्कि अंग्रेजों के लिए भी यह एक बेहद ही दुखद समय था। गांधी जी की मौत पर दुनिया भर में शोक व्यक्त किया गया था।

महात्मा गाँधी की हत्या से भारतवर्ष ही नहीं पुरे विश्व में इसका शोक मनाया गया। ऊपर दिए गए विडियो में आप देख सकते है की किस तरह से महात्मा गाँधी के निधन की खबर ने पुरे विश्व को हिला दिया था। संपूर्ण भारत में मातम घोषित कर दिया गया था तथा 13 दिन के अवकाश की घोषणा भी की गयी थी। सभी झंडों को आधी ऊंचाई तक ही लहराया गया तथा सभी सार्वजनिक मनोरंजन की गतिविधियों को रोक दिया गया। हत्या की खबर का दुनिया भर में गहरा प्रभाव पड़ा है। सहानुभूति के संदेश इंग्लैंड के राजा और संयुक्त राज्य अमेरिका के राष्ट्रपति और कई प्रेमियर्स द्वारा भेजे गए हैं।चाहे राजनेता या आम आदमी, सभी ने उन्हें एक ही तरह से परिभाषित किया, ‘एक संत’, ‘जनता के बीच एक विशाल हस्ती’, ‘अद्वितीय’।

सन्दर्भ:

1.https://www.youtube.com/watch?v=SpVBXltvwLA
2.https://www.youtube.com/watch?v=4zq_JH_uxvA



RECENT POST

  • बैसाखी के महत्व को समझें और जानें कि सिख समुदाय में बैसाखी का त्योहार कितना खास है
    विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

     14-04-2021 01:08 PM


  • दुनिया के सबसे लंबे सांप के रूप में प्रसिद्ध है,जालीदार अजगर
    रेंगने वाले जीव

     13-04-2021 01:00 PM


  • क्यों लैलत-अल-क़द्र वर्ष की सबसे महत्वपूर्ण रात मानी जाती है?
    विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

     12-04-2021 10:10 AM


  • भिन्‍नता में एकता का प्रतीक कच्‍छ का रण
    मरुस्थल

     11-04-2021 10:00 AM


  • लबोर एट कॉन्स्टेंटिया
    उपनिवेश व विश्वयुद्ध 1780 ईस्वी से 1947 ईस्वी तक

     10-04-2021 10:28 AM


  • कैसे रोका जा सकता है वृद्धावस्‍था को?
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     09-04-2021 10:13 AM


  • उत्तर प्रदेश के किसानों के बीच अत्यधिक लोकप्रिय है, मेंथॉल मिंट की खेती
    भूमि प्रकार (खेतिहर व बंजर)

     08-04-2021 09:57 AM


  • पठानों द्वारा विकसित किये गये थे, मलिहाबाद के आम बागान
    साग-सब्जियाँ

     07-04-2021 10:10 AM


  • असली क्रिसमस के पेड़ों की मांग में देखी जा रही है बढ़ोतरी
    पेड़, झाड़ियाँ, बेल व लतायें

     06-04-2021 10:07 AM


  • अवैध शिकार के कारण विलुप्त होने की कगार पर प्रवासी पक्षी प्रजातियां
    पंछीयाँ

     05-04-2021 09:59 AM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.

    login_user_id