कॉमिक “लव इस” की प्रेरणादायक कहानी

लखनऊ

 14-02-2019 12:55 PM
द्रिश्य 3 कला व सौन्दर्य

1960 के दशक में न्यूज़ीलैंड की एक कार्टूनिस्ट (Cartoonist) किम कसाली द्वारा प्यार पर आधारित एक कॉमिक स्ट्रिप (Comic Strip) बनाई गई जिसने काफी प्रशंसा हासिल की। इस कॉमिक स्ट्रिप को आज तक कई पत्रिकाओं और अखबारों में देखा जा सकता है। किम कसाली द्वारा बनाई गई इन कार्टून आकृतियों को बनाने और इनके पीछे छिपी प्रेरणा की कहानी काफी रोचक है।

किम ने ये कार्टून आकृतियाँ अपने इतालवी मंगेतर रॉबर्टो कसाली को भेजे हुए पत्रों में बनानी शुरू की थी। उनकी ये आकृतियों में एक असल कार्टूनिस्ट की झलक दिखती थी। एक दूसरे से पहली बार मुलाकात पर रॉबर्टो ने किम को इन आकृतियों को बनाते रहने और प्रकाशित करने के लिए प्रेरित किया और 60 के दशक के उत्तरार्ध में किम ने अपनी इन आकृतियों को प्रकाशित करना शुरू कर दिया। प्रकाशन के बाद किम की इन आकृतियों को 1970 में राष्ट्रीय स्तर के संघों द्वारा चुन लिया गया। 1971 में किम और रॉबर्टो ने शादी कर ली और फरवरी 1972 में किम की सबसे प्रसिद्ध कॉमिक ‘लव इस...बीइंग ऐबल टु से यू आर सॉरी’ (Love Is…Being able to say you’re sorry) प्रकाशित हुई, जिसका अर्थ है ‘प्यार है...ये बोल पाना कि आप अपनी गलती पर माफ़ी चाहते हैं’। और संयोग से उस समय फिल्म ‘लव स्टोरी’ (1970) भी काफी सफलता हासिल कर रही थी, जिसका सूत्रवाक्य ‘लव मीन्स नेवर हैविंग टू से यू आर सॉरी’ (Love means never having to say you are sorry) जिसका अर्थ हुआ ‘प्यार वह है जिसमें कभी माफ़ी मांगने की आवश्यकता न हो’। इस पंक्ति के भाव किम के कार्टूनों से काफी समान थे।

शादी के चार साल बाद 1975 में रॉबर्टो टर्मिनल कैंसर से ग्रस्त हो गए और किम ने आकृतियाँ बनाना छोड़ दिया क्योंकि वह रॉबर्टो के आखिरी समय में उनके साथ अधिक से अधिक समय बिताना चाहती थी। किम ने ब्रिटिश कार्टूनिस्ट बिल एस्प्री को अपने नाम के साथ कॉमिक्स बनाने के लिए अधिकृत किया। किम ने रॉबर्टो के शुक्राणुओं के एक संरक्षित नमूने से रॉबर्टो की मृत्यु के 16 महीने बाद ‘चमत्कारी बच्चे माइलो’ को जन्म दिया था। किम को सत्ता में रहने वाले लोगों और धार्मिक गुरुओं की निंदा का भी प्रहार सहना पड़ा और इस सब के जवाब में किम ने कहा कि “माइलो आज अपने माता पिता के प्यार की वजह से यहाँ है। अगर इसे दुनिया की नज़र में गलत माना जाता है, तो दुनिया ने अपनी सारी भावनाएं खो दी हैं।” जहाँ एक ओर समाज, धर्म और कानून किम को परेशान करने पर तुले हुए थे, वहीं किम की ताकत का स्रोत अपने गुज़रे हुए पति के प्यार के साथ-साथ उन हज़ारों लोगों के ख़त थे जिन्होंने किम की कॉमिक्स पढ़कर प्यार का मतलब सीखा था। तथा अंत में जीत प्यार की ही हुई।

किम की मृत्यु जून 1997 में हो गई और उनकी मृत्यु के बाद उनकी कंपनी के बौद्धिक अधिकार उनके बेटे स्टेफानो द्वारा अधिगृहित कर लिए गए। आज भी किम के कार्टून को एस्प्री और उनके बेटे स्टेफानो द्वारा हमारे समक्ष लाया जा रहा है। आज ‘लव इस...’ को हम विश्व भर के समाचार पत्रों में देख सकते हैं।

संदर्भ :-
1.https://bit.ly/2BAzFCp
2.https://bit.ly/2DAuTox
3.http://www.loveiscartoon.com/



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