स्वादिष्ट और पौष्टिक गुणों से भरपूर है कंदकवक या ट्रफल

लखनऊ

 27-07-2020 07:37 PM
फंफूद, कुकुरमुत्ता

हर साल मानसून की पहली वर्षा होते ही घने जंगलों में भारी मात्रा में कटरुआ कवक निकलना शुरू हो जाता है, जिसे उत्तर प्रदेश में आसानी से देखा जा सकता है। कटरुआ प्रोटीन से भरपूर एक तरह का मशरूम है। खाने में स्वादिष्ट और पौष्टिकता से भरपूर कटरुआ देश की प्रमुख मंडियों में अपनी जगह बना चुका है। स्वादिष्ट और पौष्टिक होने के कारण यह महंगे दामों में बिकता है तथा स्थानीय लोगों के लिए रोजगार का अच्छा साधन माना जाता है। दिखने में यह एक काले और सफेद कंकड़ जैसा दिखता है, जो प्रायः काली मिट्टी की परतों में ढंका हुआ पाया जाता है। यह ज्यादातर साल वृक्षों (Sal Trees) के आसपास उगता है और बरसात के मौसम में प्रतिवर्ष प्रस्फुटित होता है। कटरुआ एक जंगली मशरूम है, जो कंदकवक या ट्रफल (Truffle) का एक प्रकार है। कंदकवक मुख्य रूप से वंशक्रम कंद की कई प्रजातियों में से एक एस्कोमाइसीटी (Ascomycetes) कवक का फलीय भाग है।
कंद के अलावा, कवक के कई अन्य वंश को कंदकवक के रूप में वर्गीकृत किया गया है, जिनमें जियोपोरा (Geopora), पेजिजा (Peziza), चोइरोमाइसेस (Choiromyces), ल्यूकांगियम (Leucangium) और अन्य सौ से अधिक प्रजातियां शामिल हैं। कंदकवक बाह्य माइकोराइजल (Mycorrhizal) कवक हैं इसलिए आमतौर पर पेड़ों की जड़ों के साथ इनका घनिष्ठ संबंध होता है। इनका बीजाणु फैलाव ऐसे जीवों के द्वारा किया जाता है, जो कवक को खाते हैं। इन कवकों की पोषक तत्वों के चक्रण और अनावृष्टि सहिष्णुता में महत्वपूर्ण पारिस्थितिक भूमिकाएं हैं। इनकी महक बहुत तीव्र होती है तथा यह अनियमित, खुरदरी सतह वाले आलू से मिलता जुलता है। कुछ कंदकवक प्रजातियां भोजन के रूप में अत्यधिक बेशकीमती हैं।
फ्रांसीसी गैस्ट्रोनोम (Gastronome) जीन एंटेलम ब्रिलैट-सवरिन (Jean Anthelme Brillat-Savarin) ने कंदकवक को ‘रसोई का हीरा’ तक कहा है। खाद्य कंदकवकों को फ्रांसीसी, इतालवी (Italian), क्रोएशियाई (Croatian), स्लोवेनियाई (Slovenian), ओटोमन (Ottoman), मध्य पूर्वी और स्पेनिश (Spanish) व्यंजनों के साथ-साथ अंतर्राष्ट्रीय उच्च श्रेणी के व्यंजनों में भी बेहतरीन भोजन के रूप में स्वीकार किया जाता है। कंदकवकों की खेती अन्य कवक के भांति की जाती है तथा इन्हें इसके प्राकृतिक आवासों से भी प्राप्त किया जा सकता है। यूरोप में कंदकवक की लगभग 30 प्रजातियां हैं। वे सफेद, पीले, गहरे भूरे या काले आदि रंग के होते हैं। इटली एकमात्र ऐसा देश है, जहाँ पाँच प्रकार के कंदकवक उगते हैं, जिनमें सफेद शीत कंदकवक, सफेद वसंत कंदकवक, काला शीत कंदकवक, काला ग्रीष्म कंदकवक तथा काला शरद ऋतु कंदकवक शामिल हैं। इनकी कीमत दो कारकों द्वारा निर्धारित की जाती है, पहली इनकी उपलब्धता और दूसरा आकार। अन्य किस्मों की तुलना में काला और सफेद शीत कंदकवक का उत्पादन कम है और इसलिए इनकी मांग और लागत अधिक है। इसके अलावा, क्योंकि छोटे कंदकवक आम हैं, इसलिए बड़े आकार के कंदकवक का मूल्य अधिक होता है।
आपने चॉकलेट ट्रफल (Chocolate Truffle) का नाम तो अवश्य सुना होगा, लेकिन इस बारे में शायद नहीं जानते होंगे कि इसका नाम कंदकवक या ट्रफल के नाम पर ही रखा गया है। यूं तो यह एक प्रकार की चॉकलेट कन्फेक्शनरी (Confectionery) है, जिसे पारंपरिक रूप से चॉकलेट, कोको पाउडर (Cocoa powder) या कटे हुए बादाम, काजू या नारियल से लेपित कर बनाया जाता है, लेकिन अपनी गोलाकार, शंक्वाकार, या घुमावदार संरचना जो कि कंदकवक के समान है, के कारण इसे चॉकलेट ट्रफल नाम दिया गया है। भारत में, कंदकवक काफी नए हैं, लेकिन अपने स्वादिष्ट और पौष्टिक गुणों के कारण यह क्षेत्र में परिचित हो रहा है तथा इसकी मांग बढ़ रही है।

संदर्भ:
https://en.wikipedia.org/wiki/Truffle
https://www.thehindu.com/life-and-style/food/lets-talk-truffles/article23772402.ece
https://en.wikipedia.org/wiki/Chocolate_truffle
https://en.everybodywiki.com/Katarua
https://www.amarujala.com/uttar-pradesh/lakhimpur-kheri/the-first-crop-of-katarua-sold-thousand-kg-hindi-news

चित्र सन्दर्भ:

मुख्य चित्र में ट्रफल को दिखाया गया है। (Pexels)
दूसरे चित्र में सफ़ेद और काले ट्रफल को दिखाया गया है। (Flickr)
तीसरे चित्र में कटरुआ को साबुत तथा कटे हुए रूप में दिखाया गया है। (Prarang)
अंतिम चित्र में ट्रफल दिखाया गया है। (freepik)


RECENT POST

  • जर्मप्लाज्म सैम्पलों (Sample) पर लॉकडाउन का प्रभाव
    स्तनधारी

     21-01-2021 01:41 AM


  • पहला वाहन लेने से पहले ध्यान में रखने योग्य कुछ महत्वपूर्ण बातें
    य़ातायात और व्यायाम व व्यायामशाला

     20-01-2021 11:53 AM


  • भारत की जनता की नागरिकता और उससे जुडे़ विशेष नियम
    सिद्धान्त 2 व्यक्ति की पहचान

     19-01-2021 12:32 PM


  • आदिवासी समूहों द्वारा आज भी स्वदेशी रूप में संजोयी गयी हैं, आभूषणों की प्राचीन कलाएं
    सिद्धान्त I-अवधारणा माप उपकरण (कागज/घड़ी)

     18-01-2021 12:47 PM


  • मदद करने से मिलती है खुशी
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     17-01-2021 12:14 PM


  • क्या मिक्सर ग्राइंडर से बेहतर है भारत भर में प्रचलित सिलबट्टा
    वास्तुकला 2 कार्यालय व कार्यप्रणाली

     16-01-2021 12:32 PM


  • वास्तुकला का एक बेहतरीन उदाहरण पेश करती है, लखनऊ की तारे वाली कोठी शाही वेधशाला
    वास्तुकला 1 वाह्य भवन

     15-01-2021 12:56 AM


  • अग्नि और सूर्य देवता को समर्पित है, लोहड़ी का उत्सव
    विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

     14-01-2021 12:15 PM


  • क्या है आयुर्वेदिक दृष्टिकोण से वजन बढ़ने का कारण?
    सिद्धान्त 2 व्यक्ति की पहचान

     13-01-2021 12:15 PM


  • अर्थव्यवस्था के सुचारू संचालन के लिए उत्तरदायी भारतीय रिजर्व बैंक
    सिद्धान्त I-अवधारणा माप उपकरण (कागज/घड़ी)

     12-01-2021 11:40 AM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.

    login_user_id